Monday, March 30, 2026

भारत की शीतल देवी को चुना गया ‘पैरा आर्चर ऑफ द ईयर’

भारत की शीतल देवी को विश्‍व तीरंदाजी ने वर्ष 2025 का सर्वश्रेष्ठ पैरा तीरंदाज चुना है। जम्मू-कश्मीर की 19 वर्षीय शीतल देवी पिछले साल दक्षिण कोरिया के ग्वांगझू में आयोजित विश्‍व पैरा तीरंदाजी चैंपियनशिप में महिला कंपाउंड व्यक्तिगत स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली और एकमात्र बिना बाजू वाली तीरंदाज बनीं।


शीतल देवी को वर्ल्ड आर्चरी ने ‘पैरा आर्चर ऑफ द ईयर’ चुना है, जिसके बाद भारतीय तीरंदाज ने दिल से आभार जताया है। वैश्विक शासी निकाय ने पिछले एक साल में इस खेल में उनके बेहतरीन प्रदर्शन और योगदान के लिए शीतल देवी को इस खिताब से सम्मानित किया है।


शीतल देवी का यह पुरस्कार एक ऐतिहासिक सीजन की शानदार परिणति है, जिसमें उन्होंने ग्वांगजू में आयोजित वर्ल्ड आर्चरी पैरा चैंपियनशिप में अपना पहला विश्व खिताब जीता था। वह बिना हाथों के पैरा आर्चरी विश्व चैंपियनशिप जीतने वाली पहली महिला बनी, उन्होंने कंपाउंड महिला व्यक्तिगत फाइनल में पैरालंपिक चैंपियन ओज्नुर क्यूर गिर्दी को हराया। इसके अलावा, उन्होंने महिला टीम स्पर्धा में रजत और मिश्रित टीम प्रतियोगिता में कांस्य पदक जीता।


शीतल देवी साल 2025 में ‘बीबीसी इमर्जिंग एथलीट ऑफ द ईयर’ पुरस्कार जीतने वाली पहली भारतीय तीरंदाज बनीं। यह सम्मान उन्हें पेरिस 2024 पैरालंपिक गेम्स में राकेश कुमार के साथ मिश्रित टीम में कांस्य पदक जीतने के बाद मिला। देवी को 2023 में ‘वर्ल्ड आर्चरी पैरा वुमन ऑफ द ईयर’ और एशियाई पैरालंपिक समिति की सर्वश्रेष्ठ युवा एथलीट के रूप में भी मान्यता मिली है। साल 2024 में उन्हें ‘अर्जुन पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया।


अपने करियर में एक और माइलस्टोन जोड़ते हुए, शीतल देवी ने दिसंबर में इतिहास रच दिया। उन्हें जेद्दा में होने वाले एशिया कप के लिए भारत की ‘एबल-बॉडीड’ (शारीरिक रूप से सक्षम) कंपाउंड आर्चरी टीम में चुना गया, जो उनके असाधारण कौशल और बहुमुखी प्रतिभा को और भी अधिक रेखांकित करता है।


शीतल देवी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “दुनिया के सर्वश्रेष्ठ पैरा तीरंदाजों के साथ नामित होना और अब वर्ल्ड आर्चरी द्वारा सर्वश्रेष्ठ पैरा तीरंदाज चुना जाना, यह एहसास बहुत ही खास है। मेरा दिल आभार, भावनाओं और इस सफर में मिली हर चीज से भरा हुआ है। धन्यवाद।”


फोकोमेलिया (जन्मजात शारीरिक विकार) के साथ जन्मी देवी बिना हाथों के एक अनोखी तकनीक का इस्तेमाल करके प्रतिस्पर्धा करती हैं। यह तरीका अपनी मौलिकता और सटीकता के कारण दुनिया भर का ध्यान खींच चुका है।


उनके पदकों की झोली में कई बड़े टूर्नामेंट्स शामिल हैं, जिनमें एशियन चैंपियनशिप, एशियन पैरा गेम्स, वर्ल्ड चैंपियनशिप और पैरालंपिक गेम्स शामिल हैं, जो अंतरराष्ट्रीय मंच पर उनके बढ़ते कद को उजागर करते हैं।

Disclaimer : All rights including copyright belong to the original owner and we do not claim ownership of the content.